शनिवार को भागीरथपुरा में कांग्रेस नेताओं को पुलिस द्वारा रोके जाने के मामले में पटवारी ने मुख्यमंत्री और मंत्री के रवैये की आलोचना की। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रशासन का रवैया पूरी तरह से पक्षपाती और अव्यवस्थित है। इसके अलावा कांग्रेस ने 11 जनवरी को न्याय यात्रा निकालने का निर्णय लिया है जो बड़ा गणपति मंदिर से शुरू होकर राजवाड़ा तक जाएगी। इस यात्रा में प्रदेश भर के प्रमुख कांग्रेस नेता और सभी विधायक शामिल होंगे।
कांग्रेस की बैठक रविवार को गांधी भवन में आयोजित की गई जिसमें आंदोलन की रूपरेखा तय की गई। इस बैठक में प्रदेश कांग्रेस की इंदौर प्रभारी उषा नायडू पूर्व महिला कांग्रेस अध्यक्ष शोभा ओझा पूर्व मंत्री सज्जनसिंह वर्मा और जिला कांग्रेस अध्यक्ष विपिन वानखेड़े सहित कई अन्य पदाधिकारी मौजूद थे।
आंदोलन को और तेज करने के लिए कांग्रेस ने 6 जनवरी को इंदौर के सभी 85 वार्डों में प्रमुख चौराहों पर मोमबत्तियां जलाकर मृतकों को श्रद्धांजलि अर्पित करने का निर्णय लिया है। इसके बाद 7 जनवरी को महिला कांग्रेस की प्रदेश अध्यक्ष रीना बौरासी के नेतृत्व में महिला कार्यकर्ता मंत्री विजयवर्गीय का इस्तीफा मांगते हुए विरोध प्रदर्शन करेंगी।कांग्रेस ने साफ कर दिया है कि यह आंदोलन तब तक जारी रहेगा जब तक पीड़ितों को न्याय नहीं मिल जाता और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई नहीं होती।
