मैच की शुरुआत में पॉल पूरी तरह हावी नजर आए और पहले सेट को आसानी से 6-1 से जीत लिया। हालांकि, दूसरे सेट में बुरुचागा ने जोरदार वापसी करते हुए अपनी लय पकड़ी और 6-3 से सेट जीतकर मुकाबले को बराबरी पर ला दिया। इसके बाद तीसरे और निर्णायक सेट में दोनों खिलाड़ियों के बीच जबरदस्त टक्कर देखने को मिली।
निर्णायक सेट में पॉल एक समय 3-5 से पीछे चल रहे थे और बुरुचागा के पास तीन मैच प्वाइंट भी थे। लेकिन यहां से पॉल ने असाधारण मानसिक मजबूती का परिचय दिया। उन्होंने एक-एक पॉइंट के लिए संघर्ष करते हुए लगातार चार गेम जीत लिए और मैच को 7-5 से अपने नाम कर लिया। करीब 2 घंटे 40 मिनट तक चले इस रोमांचक मुकाबले ने दर्शकों को अंत तक बांधे रखा।
इस जीत के साथ पॉल ने ह्यूस्टन में लगातार पांचवीं बार किसी अमेरिकी खिलाड़ी के खिताब जीतने की परंपरा को भी बरकरार रखा। 28 वर्षीय पॉल 2016 के बाद इस टूर्नामेंट को जीतने वाले सबसे उम्रदराज खिलाड़ी भी बन गए। इससे पहले जुआन मोनाको ने 32 साल की उम्र में यह खिताब जीता था।
टॉमी पॉल की यह जीत कई मायनों में खास रही। उन्होंने न केवल कठिन परिस्थितियों से वापसी की, बल्कि क्ले कोर्ट पर अपनी काबिलियत भी साबित की। इस खिताब के साथ वह अब फ्रांसिस टियाफो के साथ उन चुनिंदा सक्रिय अमेरिकी खिलाड़ियों में शामिल हो गए हैं, जिन्होंने क्ले, ग्रास और हार्ड तीनों सतहों पर खिताब जीते हैं।
रैंकिंग की बात करें तो पॉल की इस जीत का सीधा फायदा उन्हें एटीपी रैंकिंग में मिलेगा और वह एक बार फिर टॉप-20 में वापसी करते हुए करीब 18वें स्थान तक पहुंच सकते हैं। वहीं, बुरुचागा भी अपने शानदार प्रदर्शन के दम पर करियर की सर्वश्रेष्ठ रैंकिंग के करीब पहुंच गए हैं।
कुल मिलाकर, यह मुकाबला टेनिस प्रेमियों के लिए एक यादगार फाइनल साबित हुआ, जिसमें संघर्ष, धैर्य और आत्मविश्वास की जीत हुई।
