नीलेश यादव जिला ब्यूरो
नर्मदापुरम 06,जून,2026 ( हिन्द संतरी ) नर्मदापुरम जिले में कलेक्टर सोमेश मिश्रा के नेतृत्व में जनहितकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन और नागरिक सेवाओं में सुधार के लिए सतत रूप से नवाचार किए जा रहे हैं। इसी क्रम में शुक्रवार को जिला प्रशासन के “प्रशासन आपके द्वार” अभियान के तहत सिवनी मालवा जनपद की ग्राम पंचायत चौतलाय में रात्रि चौपाल का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत कलेक्टर श्री मिश्रा द्वारा वृक्षारोपण कर की गई। इसके पश्चात एडिशनल एसपी, एसडीएम, तहसीलदार, जनपद पंचायत सीईओ तथा विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने ग्रामीणों से संवाद कर उनकी समस्याओं एवं सुझावों को सुना। रात्री चौपाल कार्यक्रम में डीएफओ गौरव शर्मा, एडिशनल एसपी अभिषेक राजन, एसडीएम सिवनी मालवा विजय राय, सरपंच ग्राम पंचायत चौतलाय, उपसंचालक कृषि रविकांत सिंह, उपसंचालक पशुपालन विभाग डॉ. शैलेंद्र नेमा, जिला खनिज अधिकारी देवेश मरकाम, उपसंचालक उद्यानिकी विभाग श्रीमती रीता उईके, जिला प्रबंधक उद्योग विभाग, श्रम पदाधिकारी श्रीमती वर्षा इरपाचे, सीएमएचओ डॉ. नरसिंह गहलोत, सहायक आयुक्त जनजातीय कार्य विभाग विवेक नागवंशी सहित अन्य विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।
कृषकों को दी गई आधुनिक कृषि योजनाओं की जानकारी

चौपाल में विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने ग्रामीणों को सरकारी योजनाओं की जानकारी दी और उनकी समस्याएं सुनीं। चौपाल के दौरान कृषि विभाग द्वारा मृदा स्वास्थ्य कार्ड, फसल विविधीकरण, सबमिशन ऑफ़ ऑयलसीड, ई विकास पोर्टल, बलराम तालाब, पर ड्रॉप मोर क्रॉप जैसी अन्य कृषक हितैषी योजनाओं से ग्राम वासियों तथा उपस्थित कृषकगणों को अवगत कराया। उपसंचालक कृषि द्वारा जानकारी दी गई की सभी ग्रामीण मृदा स्वास्थ्य परीक्षण अवश्य करवाएं यह पूर्णता निशुल्क है तथा संबंधित ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी इस संबंध में हर स्तर पर सहायता उपलब्ध कराएंगे। उन्होंने बताया कि अब किसान लाइन में लगकर नहीं अपितु घर बैठे ही ई विकास पोर्टल के माध्यम ई टोकन लेकर खाद प्राप्त कर सकते हैं। इसी के साथ उन्होंने सिंचाई योजना के तहत पर ड्रॉप मोर क्रॉप योजना की जानकारी देते हुए पानी की बचत करते हुए कृषि पद्धति को कैसे अपनाया जा सकता है इस संबंध में भी कृषकों को जानकारी दी। रात्रि चौपाल के दौरान कृषि विभाग द्वारा स्थापित शिविर में 14 मृदा परीक्षण के लिए सैंपल लिए गए तथा मृदा स्वास्थ्य कार्ड कृषकों को उपलब्ध कराया गया।
1912 डायल कर बुलाऐं वेटनरी मोबाइल वैन, एक सप्ताह में तैयार की जायेगी दुग्ध एकत्रीकरण सोसायटी
पशुपालन विभाग की योजनाओं के संबंध में उपसंचालक पशुपालन विभाग डॉक्टर शैलेंद्र नेमा ने ग्राम वासियों को अवगत कराते हुए बताया कि रात्रि चौपाल के दौरान प्राप्त आवेदन के आधार पर परीक्षण करने के उपरांत ग्राम में शीघ्र ही दूध विक्रय के लिए एक सप्ताह के भीतर सोसायटी खोली जाएगी जिससे अब पशुपालक किसानों को दूध के विक्रय के लिए लंबा सफर तय नहीं करना पड़ेगा। इसके अतिरिक्त उन्होंने अन्य योजनाएं जो कि पशुपालन विभाग द्वारा संचालित हैं की जानकारी देते हुए बताया कि पशुओं का टीकाकरण भी अत्यंत आवश्यक है इसलिए अपने पशुओं का टीकाकरण अवश्य करवाया जाए। उन्होंने कहा कि विभाग द्वारा गंभीर रूप से बीमार पशुओं के उपचार हेतु मोबाइल वेटनरी वैन की भी व्यवस्था की गई है जो की घर पर पहुंच कर पशुओं को स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराती है तथा इलाज के साथ-साथ दवा का वितरण भी मोबाइल वैन के माध्यम से किया जाता है एवं इसमें पशुपालक किसानों से साधारण शुल्क के रूप में डेढ़ सौ रुपए की राशि भी प्राप्त कर उन्हें रसीद प्रदान की जाती है। उन्होंने बताया कि मोबाइल वेटनरी वैन की सुविधा का लाभ लेने के लिए 1962 टोल फ्री नंबर पर कॉल कर लिया जा सकता है।
ग्रामीणों की समस्याओं पर त्वरित संज्ञान, अधिकारियों को दिए समय सीमा में निराकरण के निर्देश
इस दौरान कलेक्टर ने बीपीएल सूची में शामिल अपात्र हितग्राहियों के नाम हटाने के निर्देश दिए। साथ ही कलेक्टर द्वार ग्राम में हुए अतिक्रमण को सात दिवस के भीतर हटाने के लिए एसडीएम श्री विजय राय एवं तहसीलदार को आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित करने के निर्देश प्रदान किए गए। उन्होंने ग्रामवासियों द्वारा विद्युत संबंधी समस्या प्राप्त होने पर निर्देशित किया कि गांव में अनावश्यक रूप से बिजली कटौती न हो यह विद्युत विभाग सुनिश्चित करें तथा अगले कुछ दिनों तक विद्युत कटौती के समय की जानकारी बनाकर भी प्रस्तुत की जाए। कलेक्टर ने यह निर्देश भी दिए कि विभाग द्वारा संपर्क अभियान के तहत ग्राम में आगामी 11 जून को शिविर का आयोजन किया जाए। साथ ही शिविर के आयोजन से पूर्व तारों का मेंटेनेंस तथा झूलते हुए तारों का सुधार भी सुनिश्चित करें।
बच्चों के प्रति स्नेह के पल … ग्राम चौतलाय के नामकरण के सवाल का उत्तर देने पर प्रसन्न होकर बच्चों को बांटी किताबें और चॉकलेट
कलेक्टर सोमेश मिश्रा ने बच्चों से आत्मीय संवाद किया और उनसे गांव के नाम ‘चौतलाय’ के बारे में पूछा। एक बच्चे ने बताया कि गांव में पहले चार तालाब होने के कारण इसका नाम चौतलाय पड़ा। सही जवाब से प्रभावित होकर कलेक्टर ने बच्चे को चॉकलेट, पेन और कॉपी देकर सम्मानित किया। इसी प्रकार कलेक्टर ने उपस्थित बच्चों से विभिन्न सवाल किये। सभी बच्चों को कॉपी पेन एवं चॉकलेट उपहार एवं प्रोत्साहन के स्वरूप भेंट की। कलेक्टर ने बच्चों को पर्यावरण संरक्षण एवं स्वच्छता के महत्व को समझाते हुए कहा कि सभी बच्चे हमेशा स्वच्छता के प्रति सजग रहते हुए अपने आसपास स्वच्छता रखें साथ ही यह भी सुनिश्चित करें कि पर्यावरण संरक्षण केवल एक दिन तक सीमित ना रहे अपितु सभी बच्चे पेड़ पौधे लगाएं एवं पानी की बचत करें। कार्यक्रम के दौरान कलेक्टर द्वारा विद्यालय के विद्यार्थियों को साइकिलों का वितरण भी किया गया। साइकिल प्राप्त कर विद्यार्थियों ने प्रसन्नता व्यक्त की तथा प्रशासन के प्रति आभार जताया।
अतिक्रमण मुक्त हो तालाब, स्वेच्छा से अतिक्रमण हटाए नागरिक
कलेक्टर ने ग्राम चौतलाय के नामकरण पर बच्चों से मिले उत्तर के संबंध में कहा कि जब गांव का नाम तालाबों से जुड़ा है, तो उनका संरक्षण भी उतना ही आवश्यक है। उन्होंने कहा कि ऐसी जानकारी प्राप्त हुई है कि गांव के दो तालाब वर्तमान में अतिक्रमण की चपेट में हैं। कलेक्टर ने उक्त संबंध में ग्राम वासियों को संबोधित करते हुए कहा कि तालाबों पर से अतिक्रमण हटाया जाना अत्यंत महत्वपूर्ण है ताकि वर्षा काल में यही तलाब जल संचयन के लिए सबसे बड़ा स्रोत बनकर उभरे। कलेक्टर ने कहा कि ग्रामवासियों द्वारा तालाबों पर अतिक्रमण किया गया हो वह सभी अतिक्रमण को दो दिन के भीतर स्वेच्छा से हटाए। कलेक्टर ने निर्देश दिए कि पंचायत एवं राजस्व विभाग द्वारा आगामी दो दिवस बाद अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की जाए।
नागरिकों के बीच पहुंचकर सुनी कलेक्टर ने उनकी समस्याएं, 51 आवेदन हुए प्राप्त कई का हुआ मौके पर निराकरण
रात्रि चौपाल के दौरान ग्रामीणों से विभिन्न विभागों से संबंधित लगभग 51 आवेदन प्राप्त हुए। प्राप्त आवेदनों में लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग (पीएचई) के 5, लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) का 1, मध्यप्रदेश विद्युत मंडल (एमपीईबी) के 10, आदिम जाति कल्याण विभाग का 1, शिक्षा विभाग के 2, खाद्य विभाग के 3, पंचायत विभाग के 13, बैंक संबंधी 1, राजस्व विभाग के 10, समिति उपार्जन के 2, नगर पालिका का 1, जनपद पंचायत का 1 तथा महिला एवं बाल विकास विभाग (सीडीपीओ) का 1 आवेदन प्राप्त हुआ। प्राप्त आवेदनों में से कई का निराकरण मौके पर ही किया गया तथा शेष आवेदनों के त्वरित निराकरण हेतु संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया गया। कलेक्टर ने सभी विभागीय अधिकारियों को शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ पात्र हितग्राहियों तक पहुंचाने तथा लंबित प्रकरणों का समय-सीमा में निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। कलेक्टर सोमेश मिश्रा ने सभी उपस्थित नागरिकों को आश्वस्त किया कि चौपाल में प्राप्त सभी लोगों का निराकरण अगले दो से तीन दिनों के भीतर करने का प्रयास किया जाएगा। उन्होंने कहा कि प्रशासन का लक्ष्य लोगों की समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित करना है, ताकि शासन की योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुँच सके।
हितग्राहियों को दिया गया योजनाओं का लाभ
रात्रि चौपाल के दौरान विभिन्न विभागों द्वारा हितग्राही मूलक गतिविधियों का भी संचालन किया गया। राजस्व विभाग द्वारा 08 फॉर्मर रजिस्ट्री बनाई गई। लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग द्वारा 15 नग क्लोरीन टैबलेट का वितरण किया गया। स्वास्थ्य विभाग द्वारा लगभग 18 आयुष्मान कार्ड एवं 30 आभा आईडी बनाई गईं। किसान कल्याण एवं कृषि विकास विभाग द्वारा 2 प्रमाण-पत्र वितरित किए गए तथा 150 कृषि विकास संबंधी सामग्री प्रदान की गई। महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा 3 हितग्राहियों को प्रमाण-पत्र वितरित किए गए। इसके अतिरिक्त सामाजिक न्याय विभाग द्वारा मुख्यमंत्री सामाजिक सुरक्षा कल्याणी पेंशन के तहत एक हितग्राही को तथा वृद्धावस्था पेंशन के तहत एक हितग्राही को हितलाभ प्रदान किया गया।
रात्रि चौपाल के माध्यम से ग्रामीणों एवं प्रशासन के बीच सीधा संवाद स्थापित हुआ, जिससे ग्रामीणों को अपनी समस्याएं रखने का अवसर मिला तथा संबंधित विभागों को उनके त्वरित निराकरण हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश प्राप्त हुए। ग्रामीणों ने प्रशासन की इस पहल की सराहना करते हुए शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर संतोष व्यक्त किया।
