नीलेश यादव जिला ब्यूरो
नर्मदापुरम 11,अगस्त,2026 (हिन्द संतरी ) जय भोले शंकर के शंखनाद से पचमढ़ी गूंज रही है और प्रसिद्ध नागद्वारी यात्रा धूमधाम से सतत जारी है। नागपंचमी के अवसर पर प्रतिवर्ष आयोजित होने वाले मेले में मध्यप्रदेश, महाराष्ट्र सहित अन्य राज्यों से लाखों की संख्या में श्रद्धालु पहुंच रहे हैं। श्रद्धालु सतपुड़ा की प्राकृतिक सुंदरता का आनंद लेते हुए नागद्वारी स्वामी के दर्शन कर रहे हैं। 8 अगस्त से 17 अगस्त तक आयोजित होने वाले मेले को लेकर जिला प्रशासन द्वारा श्रद्धालुओं की सुविधा, सुरक्षा एवं स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए व्यापक व्यवस्थाएं की गई हैं। श्रद्धालुओं के पचमढ़ी पहुंचते ही पुलिस प्रशासन द्वारा सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित की जा रही है। पचमढ़ी तहसील में कंट्रोल रूम स्थापित कर पूरे मेले की निगरानी की जा रही है। मेला समिति के अध्यक्ष श्री हिमांशु जैन एवं महादेव मेला समिति के सचिव श्री आकिप खान द्वारा व्यवस्थाओं पर सतत नजर रखी जा रही है। आवश्यकता के अनुसार विभिन्न प्वाइंटों पर सामग्री एवं अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं तत्काल उपलब्ध कराई जा रही हैं।

सीईओ श्री हिमांशु जैन ने किया मेला क्षेत्र का निरीक्षण
जिला पंचायत सीईओ श्री हिमांशु जैन एवं एसडीएम श्री आकिप खान द्वारा मंगलवार को अस्थाई बस स्टैंड होटल हाइलैंड एवं मेला क्षेत्र के अन्य स्थलों का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया गया तथा उपस्थित अधिकारियों को आवश्यक दिशा निर्देश दिए गए। उल्लेखनीय है कि मेले के प्रत्येक सेक्टर प्वाइंट पर सेक्टर मजिस्ट्रेट नियुक्त किए गए हैं, जो श्रद्धालुओं की समस्याओं का तत्काल समाधान कर रहे हैं। मेला क्षेत्र के विभिन्न प्वाइंटों पर वालिंटियर्स की तैनाती की गई है। प्रत्येक सेक्टर प्वाइंट पर डॉक्टरों की टीम उपलब्ध है तथा एम्बुलेंस की सुविधा भी सुनिश्चित की गई है, ताकि आवश्यकता पड़ने पर श्रद्धालुओं को तत्काल चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराई जा सके।

ग्रीन एवं क्लीन थीम पर हो रहा नागद्वारी मेला
इस वर्ष नागद्वारी मेला ग्रीन एवं क्लीन थीम पर आयोजित किया जा रहा है। पूरे मेला क्षेत्र में साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखा जा रहा है। विभिन्न स्थानों पर ब्लिचिंग एवं चूना पाउडर का छिड़काव किया जा रहा है। फॉगिंग मशीन के माध्यम से भी दवा का छिड़काव किया जा रहा है। जलगली, काजरी, चिंतामन एवं नागद्वारी स्थल पर विभिन्न नगरपालिकाओं से आए सफाई कर्मियों द्वारा लगातार सफाई कराई जा रही है। मेला क्षेत्र में कचरा जमा न हो, इसके लिए कचरा वाहनों के माध्यम से तत्काल कचरा उठाकर निर्धारित कचरा निष्पादन क्षेत्र तक पहुंचाया जा रहा है। दुर्गम स्थलों पर भंडारे संचालित करने वाले संचालकों एवं दुकानदारों को कचरा निर्धारित डस्टबिन में ही जमा करने के सख्त निर्देश दिए गए हैं।

श्रद्धालुओं के लिए पेयजल एवं परिवहन की व्यवस्था
श्रद्धालुओं के लिए शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराने हेतु पानी के टैंकरों की व्यवस्था की गई है। बस स्टैंड से जलगली तक पहुंचने के लिए जिप्सी वाहनों की सुविधा भी उपलब्ध कराई गई है। श्रद्धालुओं की सुविधा को देखते हुए इस वर्ष किराए में वृद्धि नहीं की गई है। झंडा चौक से जलगली तक 50 रुपये प्रति व्यक्ति तथा झंडा चौक से महादेव तक 70 रुपये प्रति व्यक्ति किराया निर्धारित किया गया है। अब तक लगभग 500 परमिट वितरित किए जा चुके हैं। निर्धारित किराए से अधिक राशि वसूलने की शिकायत मिलने पर मेला समिति द्वारा संबंधित वाहन संचालकों के विरुद्ध कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में स्टीकर क्रमांक 104 एवं 315 को मेला क्षेत्र में संचालन से प्रतिबंधित किया गया है।

एसडीईआरएफ और स्वास्थ्य टीम लगातार कर रही श्रद्धालुओं की मदद
मेले में एसडीईआरएफ की टीम द्वारा श्रद्धालुओं की हरसंभव सहायता की जा रही है। गत दिवस एक श्रद्धालु को दुर्गम स्थान से रेस्क्यू कर अस्पताल पहुंचाया गया। वहीं स्वर्गद्वार के पास एक श्रद्धालु की तबीयत खराब होने पर एसडीईआरएफ की टीम ने स्ट्रेचर की सहायता से उसे समीपस्थ कैंप तक पहुंचाया, जहां प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराया गया इसी प्रकार दर्शन के दौरान सीढ़ियां चढ़ते समय एक बालिका गिरकर घायल हो गई, जिसका चिकित्सकों द्वारा तत्काल उपचार किया गया। मेले के दौरान साधारण अथवा गंभीर चोट लगने तथा अन्य स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के मामलों में स्वास्थ्य अमले द्वारा त्वरित चिकित्सकीय सहायता उपलब्ध कराई जा रही है।
