नई दिल्ली । दिल्ली नगर निगम MCD के 12 वार्डों में हुए उपचुनाव के परिणाम बुधवार को घोषित हुए जिसमें भाजपा ने सात सीटों पर जीत हासिल की जबकि आम आदमी पार्टी AAP ने तीन सीटों पर विजय प्राप्त की। कांग्रेस को एक सीट मिली और एक निर्दलीय उम्मीदवार ने जीत दर्ज की। इन नतीजों के बाद AAP ने दावा किया कि दिल्ली का राजनीतिक रुझान फिर से उनके पक्ष में लौट रहा है और पार्टी की पकड़ राजधानी में मजबूत हो रही है।
केजरीवाल का प्रतिक्रिया दिल्ली का झुकाव AAP की ओर
AAP के संयोजक अरविंद केजरीवाल ने उपचुनाव में पार्टी के अच्छे प्रदर्शन पर खुशी जताई और कहा कि इन परिणामों ने यह साफ कर दिया है कि दिल्लीवासियों का AAP पर विश्वास लगातार बढ़ रहा है। उन्होंने कहा इन नतीजों ने यह साबित कर दिया है कि दिल्ली में आम आदमी पार्टी की पकड़ मजबूत हो रही है और जनता का रुझान फिर से हमारे पक्ष में लौटता दिख रहा है। केजरीवाल ने यह भी कहा कि केवल दस महीनों के भीतर जनता का विश्वास तेजी से उनकी पार्टी की ओर बढ़ रहा है जो दिल्ली में सकारात्मक राजनीति और बेहतर कामों का संकेत है।
एमसीडी उपचुनाव नए समीकरण की शुरुआत
एमसीडी उपचुनाव में कुल 12 वार्डों के लिए 51 उम्मीदवारों ने चुनाव लड़ा था। चुनाव परिणामों के अनुसार भाजपा ने सात सीटों पर जीत दर्ज की जबकि AAP ने तीन सीटों पर विजय प्राप्त की। कांग्रेस को एक सीट मिली और एक वार्ड पर निर्दलीय उम्मीदवार ने सफलता पाई। इन परिणामों ने दिल्ली नगर निगम के समीकरण को फिर से नया मोड़ दिया है। सौरभ भारद्वाज का हमला भाजपा की पहली परीक्षा में हार
AAP विधायक सौरभ भारद्वाज ने भाजपा पर हमला करते हुए कहा कि रेखा गुप्ता की अगुवाई वाली भाजपा सरकार अपनी पहली ही परीक्षा में फेल हो गई है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा ने नए सीमांकन के माध्यम से वार्डों को अपने अनुकूल बनाने की कोशिश की लेकिन जिन क्षेत्रों में वे पहले आसानी से जीतते थे, वहां इस बार उन्हें हार का सामना करना पड़ा।
भारद्वाज ने दावा किया कि अशोक विहार में चुनाव आयोग की वेबसाइट पर अंतिम राउंड के बाद AAP उम्मीदवार की जीत दर्ज हो चुकी थी लेकिन दबाव डालकर भाजपा ने अपने प्रत्याशी को विजेता घोषित करवा लिया। इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि मुंडका में भाजपा को भारी हार का सामना करना पड़ा, जो भाजपा सांसद प्रवेश वर्मा का गृह क्षेत्र है।
दुर्गेश पाठक का बयान ‘केजरीवाल मॉडल की जीत
AAP नेता दुर्गेश पाठक ने इस उपचुनाव के नतीजों को अरविंद केजरीवाल की काम केंद्रित राजनीति की बड़ी जीत करार दिया। उन्होंने कहा दिल्लीवासियों ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि ईमानदार काम साफ नीयत और जनता की भलाई के लिए की गई राजनीति ही लोगों का असली भरोसा जीतती है। पाठक ने यह भी कहा कि दिल्ली की जनता ने इन परिणामों के माध्यम से दिखा दिया है कि केवल विकास और सेवा की राह पर चलने वाले नेताओं को ही उनका समर्थन मिलता है। दिल्ली नगर निगम उपचुनाव के परिणाम ने दिल्ली की राजनीति में नए समीकरण का संकेत दिया है। भाजपा की सात सीटों पर जीत ने उसे बढ़त दिलाई लेकिन AAP की तीन सीटों की सफलता ने यह साबित कर दिया कि पार्टी की पकड़ अभी भी मजबूत है।
कांग्रेस और निर्दलीय उम्मीदवारों की उपस्थिति ने चुनाव परिणामों को और दिलचस्प बना दिया। AAP के नेताओं ने इस नतीजे को दिल्ली में बदलाव का संकेत माना और भविष्य में पार्टी की सफलता की उम्मीद जताई। दूसरी ओर भाजपा पर आरोप लगे कि उसने अपने समर्थक क्षेत्रों में फेरबदल के बावजूद कई जगहों पर हार का सामना किया। AAP के नेता और कार्यकर्ता इस जीत को एक नई शुरुआत मान रहे हैं और उनका दावा है कि दिल्लीवासियों का विश्वास अब एक बार फिर उनके पक्ष में बढ़ रहा है। आने वाले चुनावों में इस बात का असर देखने को मिल सकता है जब दिल्लीवासी फिर से अपनी पसंद का चुनाव करेंगे।
