नई दिल्ली। आज दुनिया भर से प्रमुख खबरें इस प्रकार हैं: इंडोनेशिया: सुमात्रा द्वीप में आज सुबह 6.3 तीव्रता का भूकंप आया, जिसकी गहराई 10 किलोमीटर थी। शुरुआती रिपोर्ट में जान-माल के नुकसान की कोई बड़ी जानकारी नहीं मिली है। वहीं देश पहले ही साइक्लोन ‘सेन्यार’ से प्रभावित है, जिसने भारी बारिश, बाढ़ और लैंडस्लाइड को जन्म दिया। अब तक 28 लोग मारे जा चुके हैं और दर्जनों लापता हैं। करीब 2,000 घर पानी में डूब गए और 2,800 से अधिक लोग सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाए गए हैं।
अमेरिका:
व्हाइट हाउस की प्रेस सेक्रेटरी कैरोलीन लेविट के रिश्तेदार की मां, ब्रूना कैरोलाइन फेरेरा, अमेरिकी इमिग्रेशन एजेंसी ICE द्वारा गिरफ्तार की गई हैं। उनका वीजा 1999 में समाप्त हो गया था। ब्रूना का दावा है कि वे DACA प्रोग्राम के तहत कानूनी रूप से अमेरिका में थीं और ग्रीन कार्ड प्रक्रिया में थीं। गिरफ्तारी के कारण उनके 11 वर्षीय बेटे की परवरिश उनके भाई, माइकल लेविट द्वारा की जा रही है। ट्रम्प प्रशासन ने इमिग्रेशन कानूनों को कड़ी नजर से लागू किया है।
हॉन्गकॉन्ग:
ताई पो इलाके में एक रिहायशी कॉम्प्लेक्स वांग फुक कोर्ट में आग लगने से 44 लोग मारे गए और 279 घायल हुए। आठ 35-मंजिला इमारतों में लगी आग की शुरुआत बांस की मचान वाले मरम्मत कार्य से हुई। तेज हवा और जलते मलबे के कारण आग तेजी से फैल गई। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने इसे आतंकी घटना करार दिया और अफगान शरणार्थियों की अमेरिका में एंट्री रोकने का आदेश दिया।
अमेरिका में गोलीबारी:
वॉशिंगटन डीसी के फैरागट वेस्ट मेट्रो स्टेशन पर लाकनवाल नामक व्यक्ति ने गोलीबारी की। उसने पहले एक महिला गार्ड को सीने और सिर में गोली मारी, फिर दूसरे गार्ड पर भी फायर किया। तीसरे गार्ड ने उसे चार गोलियां मारकर काबू किया। आरोपी पहले अफगान सेना में 10 साल तक काम कर चुका था और पिछले चार साल से अमेरिका में रह रहा था। इस हमले के बाद अमेरिकी प्रशासन ने अफगान नागरिकों की सभी इमिग्रेशन प्रक्रियाओं को रोक दिया और सुरक्षा समीक्षा शुरू की। ट्रम्प ने इसे मानवता के खिलाफ अपराध करार दिया और सुरक्षा बलों की तारीफ की।
स्थिति: FBI
इस मामले को आतंकी हमला मानकर जांच कर रही है। अभी तक हमले का उद्देश्य स्पष्ट नहीं है। घायल गार्डों में से एक की पहचान एंड्रयू वोल्फ के रूप में हुई, जिनकी हालत गंभीर बताई जा रही है। डीसी में नेशनल गार्ड की तैनाती पहले से विवादित थी और हाल ही में एक संघीय जज ने इसे समाप्त करने का आदेश दिया था।दुनिया के ये तीन बड़े घटनाक्रम-प्राकृतिक आपदा, इमिग्रेशन विवाद और आतंकवादी हमले-विश्व स्तर पर सुरक्षा और मानवता के मुद्दों पर गंभीर सवाल खड़े कर रहे हैं।
