
21 नवम्बर 2025 को देश भर में चार श्रम संहिताओं को अधिसूचित किया गया है उसके नियम भी 30 दिसंबर 25 को जारी कर दिए है जिसमें सामाजिक सुरक्षा संहिता 2020 में गिग़ कामगार को भी परिभाषित किया है ।
गिग़ कामगार कौन है।
गिग़ कामगार का अर्थ जो किसी कार्य के इंतजाम में कार्य करता है या भाग लेता है यह सेवक ओर स्वामी के अनुबंध के अनुसार कार्य कर धन उपार्जन करते है डेलीवरी बॉय , केब ड्राइवर ,प्लेटफॉर्म वर्कर ,फूड सप्लाई बॉय , गृह आधारित कामगार, निर्माण वर्कर आदि इस श्रेणी में आते है ।
नीति आयोग के अनुसार देश में अभी तक एक करोड़ बीस लाख गिग़ कामगार है जो 2030 में 2 करोड़ 35 लाख हो जाएंगे ऐसा अनुमान किया गया है ।
सामाजिक जागरूकता कोष।
यह गिग़ कामगार अब भारतीय अर्थव्यवस्था में एक अहम हिस्सा है इसलिए इनकी सामाजिक सुरक्षा के लिए कोष स्थापित करने का भी प्रावधान किया गया है।
यह प्रावधान किए गए है जो गिग़ कामगार एक ही नियोजक के नियोजन में कम से कम 90 दिन रहता है अथवा अलग अलग नियोजकों के साथ लगातार 120 दिवस में लगातार नियोजन में रहता हो तो उसे सामाजिक जागरूकता के लाभ दिए जाएंगे जिसके अंतर्गत बीमा लाभ दिवंग्यता लाभ बीमारी का इलाज सुविधा ओर महिलाओं को मातृत्व लाभ आदि शमिल है ।
कार्य के दौरान दुर्घटना पर मुआवजा।
डेलीवरी बॉय को उत्पाद को समय पर पहुंचने में वाहन जोखिम भी रहता है ऐसे में दुघर्टना से मुआवजा भी प्राप्त होगा और उसका बीमा भी होगा।
असंगठित कामगारों के सुरक्षा ओर कल्याण के प्रावधान।
वर्तमान में इस प्रकार के गिग़ कामगार 15 से 16 घंटे कार्य करते है ओर प्रत्येक डेलीवरी पर 25 से 30 रूपये प्राप्त करते है एक माह में 20 से 25 हजार तक की कमा पाते है परन्तु इनके सामाजिक सुरक्षा ओर कल्याण के कोई कानून नहीं थे सामाजिक सुरक्षा संहिता 2020 में गिग़ कामगार , गृह आधारित कामगार , भवन निर्माण कामगार को भी परिभाषित किया है ।
श्रम पोर्टल पर पंजीकरण पर डिजिकल कार्ड मिलेगा।
अब असंगठित क्षेत्र सभी श्रमिक सामाजिक सुरक्षा संहिता 2020 के लाभ पाने की पात्रता रखते है उन्हें विधि सम्मत श्रम पोर्टल पर पंजीकृत करा लेना चाहिए पंजीयन के बाद इन कामगारों को डिजीटल कार्ड मिलेगा जिससे उन्हें समस्त लाभ मिल सके श्रमिक संगठनों को इस सम्बन्ध में जागरूकता अभियान भी चलाया जाना चाहिए ।
सामाजिक सुरक्षा संहिता के अनेक लाभ।
सामाजिक सुरक्षा संहिता 2020 में कर्मचारी मुआवजा , कर्मचारी बीमा ,
कर्मचारी भविष्य निधि, मातृत्व लाभ , ग्रेच्युटी, सीने कामगार के सुरक्षा एवं कल्याण के लाभ कामगारों को कैसे मिले इनका उल्लेख किया गया है यह कानून असंगठित क्षेत्र के मजदूरों के लिए लाभकारी कदम है
