ग्वालियर। कमला राजा गर्ल्स (KRG) कॉलेज के एक प्रोफेसर के साथ साइबर ठगों ने 2.38 लाख रुपये की धोखाधड़ी कर ली। खुद को प्रोफेसर का परिचित बताने वाले आरोपी ने अस्पताल में भर्ती होने का झांसा देकर रुपये की जरूरत बताई और फर्जी कैश ट्रांसफर मैसेज भेजकर उन्हें जाल में फंसा लिया।
घटना पिछले सप्ताह आरपी कॉलोनी, तानसेन नगर रोड की है। पीड़ित ने साइबर हेल्पलाइन पर सूचना देने के बाद साइबर सेल में शिकायत की। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
अनजान नंबर से आया कॉल, खुद को परिचित बताकर बनाया झांसा
आरपी कॉलोनी निवासी सूरजभान प्रजापति, जो KRG कॉलेज में प्रोफेसर हैं, ने बताया कि उनके मोबाइल पर एक अनजान नंबर से कॉल आया। ट्रू-कॉलर पर नंबर किसी ‘राज शेखर’ के नाम से दिख रहा था, लेकिन कॉल करने वाले ने खुद को मुकुल कुमार नामक परिचित बताया।आरोपी ने बीमारी का बहाना बनाते हुए कहा कि वह अस्पताल में भर्ती है और उसका UPI काम नहीं कर रहा। उसने प्रोफेसर से कहा कि उसके अकाउंट में पैसे आते ही वह आगे पेमेंट करा देगा।
40 हजार का फर्जी क्रेडिट मैसेज, फिर शुरू हुआ पैसे भेजने का सिलसिला
बातचीत के दौरान प्रोफेसर के फोन पर 40 हजार रुपये क्रेडिट का फर्जी मैसेज आया। इससे पहले कि वह बैंक स्टेटमेंट चेक कर पाते, आरोपी ने तुरंत कॉल करके पैसे ट्रांसफर करने का दबाव बनाया।
बीमारी का हवाला सुनकर प्रोफेसर ने 40 हजार रुपये भेज दिए। इसके बाद आरोपी बार-बार बोलने लगा कि उसके खाते में रकम नहीं पहुंची। इसी दौरान उसने प्रोफेसर की बेटी रौनक से भी पैसे ट्रांसफर कराए।कुल मिलाकर पिता-बेटी 2,37,995 रुपये भेज चुके थे।
ठगी का पता चलते ही नंबर स्विच ऑफ
जब बार-बार भेजे जाने के बावजूद पैसे ‘न पहुंचने’ की बात कही गई, तो प्रोफेसर और उनकी बेटी ने बैंक अकाउंट चेक किया। उन्हें पता चला कि कोई भी क्रेडिट नहीं आया है और पूरी राशि ठगों को जा चुकी है।प्रोफेसर ने जब आरोपी से संपर्क करना चाहा, तो उसने कॉल काट दिया और मोबाइल स्विच ऑफ कर लिया।
पुलिस ने दर्ज किया मामला, तलाश में जुटी टीम
ठगी का एहसास होते ही प्रोफेसर सूरजभान ने हेल्पलाइन नंबर पर सूचना दी और उसके बाद साइबर सेल में लिखित शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और आरोपियों की तलाश जारी है।
