मौसम विभाग के मुताबिक, प्रदेश के दक्षिणी हिस्से में लो प्रेशर एरिया एक्टिव है। इसके साथ ही दक्षिणी-पश्चिमी हिस्सों में दो ट्रफ भी सक्रिय हैं। इन सक्रियताओं के चलते प्रदेश के इन हिस्सों में बारिश का सिलसिला जारी है और लोगों को पानी गिरने की संभावना के लिए सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
सोमवार को भी प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश देखने को मिली थी। दोपहर में जबलपुर, सीधी और रीवा में बारिश हुई, जबकि रात में ग्वालियर, सीधी, सिंगरौली, सागर, मऊगंज, मुरैना, बड़वानी, रीवा, धार, खरगोन, दमोह और दतिया में गरज-चमक के साथ पानी गिरा।
बारिश के चलते प्रदेश में दिन का तापमान भी गिरा है। वहीं, रात का तापमान सामान्य से थोड़ा अधिक दर्ज किया गया। रविवार और सोमवार की रात के आंकड़ों के अनुसार पचमढ़ी में सबसे कम 11.2 डिग्री तापमान रिकॉर्ड किया गया। मंदसौर में रात का तापमान 11.7 डिग्री और राजगढ़ में 12.4 डिग्री दर्ज हुआ।
मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि आने वाले दिनों में दक्षिणी-पश्चिमी हिस्सों में बारिश की गतिविधियां बनी रह सकती हैं। ग्रामीण और शहरी इलाकों में लोगों को विशेष सतर्क रहने की सलाह दी गई है। वहीं भोपाल और इंदौर जैसे शहरों में धूप खिलने से स्थानीय लोगों को हल्की गर्मी का अनुभव हो सकता है।
इस प्रकार, मध्य प्रदेश में मंगलवार को मौसम ने बारिश और धूप दोनों का मिश्रित प्रभाव दिखाया। प्रदेश के दक्षिणी हिस्सों में बारिश की संभावना के बीच राजधानी और पश्चिमी शहरों में धूप का आनंद लिया जा सकेगा, जबकि तापमान में गिरावट और बढ़त के कारण दिन और रात का अंतर स्पष्ट रूप से महसूस होगा।
