घटना दोपहर करीब 2 बजे की बताई जा रही है जब स्थानीय लोगों ने बिल्डिंग से उठती तेज लपटें और घना धुआं देखा इसके बाद तुरंत डायल 112 और पुलिस को सूचना दी गई सूचना मिलते ही कोतवाली थाना पुलिस मौके पर पहुंची और हालात का जायजा लिया
बताया जा रहा है कि आग इतनी तेजी से फैली कि दफ्तर के अंदर रखा सामान बचाने का मौका तक नहीं मिला इस आगजनी में महत्वपूर्ण सरकारी दस्तावेज कंप्यूटर सिस्टम और फर्नीचर पूरी तरह जलकर राख हो गए हैं नुकसान कितना हुआ है इसका आकलन फिलहाल किया जा रहा है
गनीमत यह रही कि घटना रविवार को हुई जब दफ्तर बंद था अगर यह हादसा कार्यदिवस पर होता तो बड़ी जनहानि हो सकती थी क्योंकि उस समय कार्यालय में कर्मचारी और अधिकारी मौजूद रहते
मौके पर पहुंची फायर ब्रिगेड की टीम ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाने का प्रयास किया हालांकि आग लगने के कारणों का अभी तक स्पष्ट खुलासा नहीं हो सका है प्रारंभिक तौर पर शॉर्ट सर्किट की आशंका जताई जा रही है लेकिन इसकी पुष्टि जांच के बाद ही होगी
कोतवाली पुलिस और संबंधित विभाग के अधिकारी मौके पर मौजूद हैं और पूरे घटनाक्रम की जांच की जा रही है साथ ही यह भी देखा जा रहा है कि आग से कितने महत्वपूर्ण रिकॉर्ड और दस्तावेज नष्ट हुए हैं
यह घटना सरकारी दफ्तरों में सुरक्षा व्यवस्था और अग्निशमन उपायों को लेकर भी सवाल खड़े करती है क्योंकि इस तरह की घटनाएं न केवल आर्थिक नुकसान पहुंचाती हैं बल्कि महत्वपूर्ण प्रशासनिक रिकॉर्ड भी नष्ट कर देती हैं
