
नर्मदापुरम 24, फरवरी,2026(हिन्द संतरी ) कलेक्टर द्वारा जिले में संचालित विभिन्न योजनाओं अभियानों तथा अन्य विभागीय कार्यों की विस्तार पूर्वक समीक्षा कर समस्त एसडीएम को निर्देशित किया कि नरवाई प्रबंधन के संबंध में ठोस एवं प्रभावी कार्ययोजना तैयार की जाए। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि फसल अवशेष जलाने की घटनाओं पर रोक लगाने के लिए आवश्यकतानुसार प्रतिबंधात्मक आदेश जारी किए जाएं तथा संबंधित विभाग समन्वय के साथ कार्य करें तथा सीएम हेल्पलाइन पर लंबित शिकायतों की विभागवार विस्तृत समीक्षा के दौरान प्राप्त शिकायतों के अनुपात में उनका समयबद्ध एवं संतोषजनक निराकरण सुनिश्चित करे और नॉन-अटेंडेड शिकायतों पर सख्त नाराजगी व्यक्त करते हुए निर्देश दिए कि जिन अधिकारियों द्वारा शिकायतों को नॉन-अटेंडेड रखा गया है, उन्हें नोटिस जारी कर आवश्यकतानुसार पेनल्टी अधिरोपित करने की कार्रवाई की जाए।
बैठक में कलेक्टर ने कृषि विभाग, एसडीएम एवं समस्त जनपद पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों (सीईओ) को निर्देशित किया कि वे अपने-अपने क्षेत्र में उपलब्ध संसाधनों का आकलन कर नरवाई प्रबंधन के लिए उपयुक्त योजना तैयार करें। उन्होंने कहा कि गेहूं की कटाई के बाद अवशेषों का वैज्ञानिक प्रबंधन सुनिश्चित करते हुए भूसा तैयार किया जाए तथा उसके सदुपयोग की भी व्यवस्था की जाए। कलेक्टर ने कृषि अभियांत्रिकी विभाग को निर्देश दिए कि नरवाई प्रबंधन में उपयोग होने वाले यंत्रों की सूची उनके धारकों के नाम एवं संपर्क सूत्र सहित तैयार कर पंचायत भवनों, तहसील कार्यालयों एवं अन्य आवश्यक सार्वजनिक स्थानों पर चस्पा की जाए, जिससे किसानों को यंत्रों की उपलब्धता की जानकारी सहज रूप से प्राप्त हो सके।
कलेक्टर ने फायर एनओसी से संबंधित प्रकरणों की समीक्षा करते हुए निर्देश दिए कि लंबित मामलों में विस्तृत प्रकरण रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए। उन्होंने समस्त एसडीएम को निर्देशित किया कि अपने-अपने क्षेत्र में संचालित होटल, रिजॉर्ट एवं अन्य वाणिज्यिक प्रतिष्ठानों की जांच कर फायर एनओसी तथा अन्य आवश्यक सुरक्षात्मक प्रमाण पत्रों की विधिवत जांच सुनिश्चित करें। किसी भी प्रकार की अनियमितता पाए जाने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाए। बैठक में कलेक्टर ने ‘संकल्प से समाधान’ अभियान की प्रगति की समीक्षा करते हुए निर्देश दिए कि जिले के नगरीय क्षेत्रों में नियमित रूप से शिविर आयोजित किए जाएं। उन्होंने कहा कि शिविरों के माध्यम से अधिक से अधिक आवेदन प्राप्त किए जाएं, ताकि आम नागरिकों की समस्याओं का त्वरित समाधान किया जा सके। कलेक्टर ने समस्त एसडीएम को अभियान की नियमित समीक्षा सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही यह भी कहा कि अभियान अवधि में आयोजित होने वाले शिविरों में जनप्रतिनिधियों की सहभागिता सुनिश्चित की जाए।
इस दौरान उन्होंने निर्देशित किया कि सभी विभागों में कार्यस्थल पर महिलाओं के यौन उत्पीड़न (रोकथाम, निषेध और निवारण) अधिनियम, 2013 के तहत समितियों का गठन किया जाए। गठित समिति द्वारा नियमित रूप से बैठक आयोजित की जाए साथ ही कार्यालय के कर्मचारियों को भी कार्योन्मुख किया जाए। उन्होंने महिला एवं बाल विकास अधिकारी को निर्देशित किया कि उक्त संबंध में कार्यशाला आयोजित कर सभी विभागों को प्रशिक्षण भी प्रदान किया जाए। बैठक के दौरान एडीएम राजीव रंजन पांडे अपर कलेक्टर अनिल जैन डिप्टी कलेक्टर डॉ बबीता राठौर, श्रीमती सरोज परिहार, श्रीमती नीता कोरी सहित अन्य विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
