मंगलवार को कलेक्टर बालागुरु के. ने कृषि विभाग के अधिकारियों को राज्य शासन के निर्देशों के अनुरूप कृषि रथों के प्रभावी संचालन के निर्देश दिए।
कृषि रथ बताएगा खेती के नए रास्ते
कृषि रथ के माध्यम से किसानों को जैविक खेती, प्राकृतिक खेती, मृदा स्वास्थ्य कार्ड योजना, उन्नत बीजों का चयन, कीट एवं रोग प्रबंधन जैसी महत्वपूर्ण जानकारियां दी जाएंगी। इसके साथ ही फसल विविधीकरण, कृषि आधारित उद्यमिता, ई-तकनीक से जुड़ी योजनाएं और पराली प्रबंधन जैसे अहम विषयों पर भी मार्गदर्शन किया जाएगा।
अभियान की शुरुआत जनप्रतिनिधियों की मौजूदगी में कृषि रथों को हरी झंडी दिखाकर की जाएगी, जिससे गांव-गांव तक इसका प्रभावी संदेश पहुंचे।
अभियान के सफल क्रियान्वयन के लिए जिला स्तर पर कलेक्टर की अध्यक्षता में और विकासखंड स्तर पर अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) की अध्यक्षता में विशेष क्रियान्वयन समितियों का गठन किया गया है। ये समितियां रथों के संचालन, कार्यक्रमों की रूपरेखा और पूरे अभियान की निगरानी करेंगी।
तकनीकी विशेषज्ञ देंगे मौके पर समाधान
प्रत्येक कृषि रथ के साथ एक तकनीकी दल रहेगा, जिसमें कृषि विभाग के अधिकारी और विषय विशेषज्ञ शामिल होंगे।
कृषि रथ अभियान की दैनिक प्रगति की जिला स्तर पर समीक्षा की जाएगी और इसका व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाएगा। प्रशासन को उम्मीद है कि इस पहल से किसानों की आय में वृद्धि होगी, कृषि उत्पादन बढ़ेगा और जिले में नवाचार आधारित खेती को नई दिशा मिलेगी।
कृषि वर्ष 2026 सीहोर के किसानों के लिए ज्ञान, तकनीक और समृद्धि का नया अध्याय साबित होने की उम्मीद है।
