विदिशा।मध्य प्रदेश के विदिशा में आयोजित संसदीय खेल महोत्सव 2025 का समापन रविवार को उत्साह, जोश और खेल भावना के साथ संपन्न हुआ। जैन कॉलेज परिसर में आयोजित इस समापन समारोह में केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री और विदिशा से सांसद शिवराज सिंह चौहान मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। कार्यक्रम के दौरान माहौल उस समय और जीवंत हो गया, जब शिवराज सिंह चौहान स्वयं क्रिकेट की पिच पर उतरे और पहली ही गेंद पर शानदार सिक्स लगाकर खिलाड़ियों और दर्शकों का उत्साह बढ़ा दिया।समारोह में बड़ी संख्या में युवा खिलाड़ी, खेल प्रेमी और स्थानीय नागरिक मौजूद रहे। खेल मैदान पर केंद्रीय मंत्री की मौजूदगी ने खिलाड़ियों के मनोबल को नई ऊर्जा दी। शिवराज सिंह चौहान ने न केवल विजेता और उपविजेता टीमों को सम्मानित किया, बल्कि खेलों के प्रति युवाओं को प्रेरित करने का संदेश भी दिया।
कहां और कैसे हुआ आयोजन
सांसद खेल महोत्सव 2025 का समापन कार्यक्रम विदिशा के जैन कॉलेज परिसर में आयोजित किया गया। इस महोत्सव के अंतर्गत पिछले कुछ दिनों से विधानसभा क्षेत्र स्तर पर क्रिकेट, कबड्डी, फुटबॉल सहित कई खेल प्रतियोगिताएं आयोजित की गई थीं। इनमें ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों के युवाओं ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया।
मैदान पर उतरे सांसद
क्रिकेट मैच के दौरान दर्शकों की अपील पर शिवराज सिंह चौहान ने बैट थामा। गेंदबाज की पहली ही गेंद पर उन्होंने दमदार शॉट खेलते हुए गेंद को सीधे बाउंड्री के बाहर पहुंचा दिया। सिक्स लगते ही मैदान तालियों और जयकारों से गूंज उठा। यह दृश्य खिलाड़ियों के साथ-साथ मौजूद दर्शकों के लिए भी यादगार बन गया।
विजेताओं को मिले पुरस्कार
समारोह में केंद्रीय मंत्री ने जानकारी दी कि क्रिकेट और कबड्डी प्रतियोगिताओं में प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान प्राप्त करने वाली टीमों को क्रमशः 1.5 लाख रुपये, 1 लाख रुपये और 50 हजार रुपये की नगद पुरस्कार राशि प्रदान की जाएगी। वहीं फुटबॉल प्रतियोगिता में विजेता टीम को 21 हजार रुपये और उपविजेता टीम को 11 हजार रुपये का पुरस्कार दिया जाएगा। उन्होंने यह भी बताया कि सांसद खेल महोत्सव का अंतिम और भव्य समापन कार्यक्रम रायसेन में आयोजित होगा, जहां विधानसभा स्तर पर विजेता और उपविजेता टीमों को सम्मानित किया जाएगा।
युवाओं को दिया संदेश
समारोह को संबोधित करते हुए शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि खेल केवल शारीरिक स्वास्थ्य ही नहीं, बल्कि मानसिक मजबूती और अनुशासन भी सिखाते हैं। उन्होंने कहा कि खेलों से युवा नशे और नकारात्मक प्रवृत्तियों से दूर रहते हैं और जीवन में अनुशासन विकसित होता है।उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे खेल को अपने दैनिक जीवन का हिस्सा बनाएं और अपनी प्रतिभा को निखारने के लिए निरंतर अभ्यास करें।
भविष्य की योजनाएं
भविष्य की योजनाएं
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि आने वाले समय में शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में खेल मैदानों और बुनियादी ढांचे के विकास पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। सरकार का लक्ष्य है कि गांव-गांव और शहर-शहर से खेल प्रतिभाएं निकलकर राज्य और देश का नाम रोशन करें।उन्होंने कहा कि सांसद खेल महोत्सव जैसे आयोजन युवाओं को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर के लिए तैयार करने की दिशा में एक मजबूत कदम हैं।
