नई दिल्ली। क्रिकेट का दायरा लगातार फैल रहा है और अब नए-नए देश भी अंतरराष्ट्रीय मंच पर अपनी मौजूदगी दर्ज करा रहे हैं। इसी कड़ी में भूटान क्रिकेट ने एक ऐसा ऐतिहासिक पल देखा, जिसने पूरी दुनिया का ध्यान खींच लिया। म्यांमार के खिलाफ खेले गए T20 इंटरनेशनल मुकाबले में 22 वर्षीय युवा गेंदबाज सोनम येशे ने ऐसा कारनामा कर दिखाया, जो इससे पहले किसी भी गेंदबाज ने नहीं किया था।
इस मैच में भूटान की टीम ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में 127 रन बनाए। टीम के लिए नामगांग चेजय ने शानदार अर्धशतक जड़ा।
लक्ष्य का पीछा करने उतरी म्यांमार की टीम भूटान के गेंदबाजों के सामने पूरी तरह बिखर गई। खासतौर पर सोनम येशे की घातक गेंदबाजी ने म्यांमार की बल्लेबाजी की कमर तोड़ दी।
इससे पहले पुरुष T20I क्रिकेट में अधिकतम 7 विकेट लेने का रिकॉर्ड था। साल 2023 में मलेशिया के स्याजरुल इद्रस ने चीन के खिलाफ 7 विकेट लिए थे, जबकि बहरीन के अली दाऊद ने भूटान के खिलाफ 7 बल्लेबाजों को पवेलियन भेजा था। लेकिन सोनम येशे ने इन दोनों को पीछे छोड़ते हुए इतिहास रच दिया।
म्यांमार की पूरी टीम सिर्फ 45 रन पर ढेर हो गई। टीम के लिए केवल हेट लिन ऊ (12 रन) और प्याए फ्यो वाई (10 रन) ही दोहरे अंक तक पहुंच सके। बाकी बल्लेबाज सोनम येशे की धारदार गेंदों के सामने टिक नहीं पाए।
इस तरह सोनम येशे की ऐतिहासिक गेंदबाजी के दम पर भूटान ने म्यांमार को 82 रनों से करारी शिकस्त दी। यह जीत न सिर्फ भूटान क्रिकेट के लिए यादगार रही, बल्कि यह भी साबित कर गई कि उभरते क्रिकेट राष्ट्र अब अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में बड़े रिकॉर्ड बनाने का माद्दा रखते हैं।
