Android वर्जन्स की स्थिति:
Android 16: 7.5% स्मार्टफोन
Android 15: 19.3%
Android 14: 17.9%
Android 13: 13.9% रिपोर्ट बताती है कि 58% स्मार्टफोन अभी भी सिक्योरिटी सपोर्ट में हैं जबकि 40% स्मार्टफोन अब सिक्योरिटी अपडेट्स प्राप्त नहीं कर रहे। ऐसे यूजर्स संभावित साइबर खतरों का सामना कर सकते हैं।
पुराने एंड्रॉयड यूजर्स के लिए गूगल की सलाह:
गूगल ने पुराने Android OS वाले स्मार्टफोन यूजर्स को चेतावनी दी है कि वे लेटेस्ट OS में अपडेट करें और सिक्योरिटी पैच नियमित रूप से इंस्टॉल करते रहें। यह कदम मैलवेयर और स्पाईवेयर से सुरक्षा के लिए जरूरी है।
iPhone यूजर्स को राहत:
iPhone यूजर्स को समय पर सिक्योरिटी अपडेट मिलते हैं, इसलिए उन्हें इस खतरे का सामना नहीं करना पड़ता। यदि किसी एंड्रॉयड डिवाइस का सपोर्ट बंद हो गया है, तो नया स्मार्टफोन खरीदना सुरक्षित विकल्प है।
स्मार्टफोन कंपनियों की नीति:
अधिकतर कंपनियां 4–5 साल तक सिक्योरिटी अपडेट देती हैं। Samsung और Google Pixel ने अब 7 साल से अधिक के अपडेट देने की पहल की है, जिससे यूजर्स को अतिरिक्त सुरक्षा मिल रही है।
सिक्योरिटी अपडेट का महत्व:
सिक्योरिटी अपडेट स्मार्टफोन की कमजोरियों और बग्स को ठीक करने के लिए जारी किए जाते हैं। इन कमजोरियों का फायदा हैकर्स उठा सकते हैं और डेटा चोरी कर सकते हैं। इसलिए नियमित अपडेट्स आवश्यक हैं। Android OS का उपयोग कई कंपनियों जैसे Samsung, Realme, Redmi, Oppo और OnePlus में होता है। वहीं iOS केवल Apple स्मार्टफोन्स में उपलब्ध है, जिसकी संख्या सीमित है।
