बताया जा रहा है कि हमला उस समय हुआ जब पाकिस्तान के सेना प्रमुख असीम मुनीर ईरान दौरे से लौटे थे। इसी वजह से इस घटना को पाकिस्तान की सुरक्षा व्यवस्था पर बड़ा सवाल माना जा रहा है। स्थानीय मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार ट्रेन क्वेटा कैंट की ओर जा रही थी और उसमें पाकिस्तान की सुरक्षा एजेंसियों के जवान सवार थे।
धमाके के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई। चश्मदीदों के मुताबिक विस्फोट के तुरंत बाद फायरिंग की आवाजें भी सुनाई दीं। सुरक्षा बलों ने पूरे इलाके को घेर लिया है और जांच एजेंसियां हमले की पड़ताल में जुट गई हैं।
इस हमले की जिम्मेदारी बलोच लिबरेशन आर्मी (BLA) ने ली है। संगठन के प्रवक्ता जीयंद बलोच ने बयान जारी कर कहा कि BLA की फिदायीन यूनिट ‘मजीद ब्रिगेड’ ने इस ऑपरेशन को अंजाम दिया। संगठन का दावा है कि ट्रेन में पाकिस्तानी सेना और सुरक्षा एजेंसियों के जवान सफर कर रहे थे, जिन्हें निशाना बनाया गया।
विशेषज्ञ इस हमले को ‘जाफर एक्सप्रेस 2.0’ बता रहे हैं। दरअसल मार्च 2025 में भी बलोचिस्तान में जाफर एक्सप्रेस को IED ब्लास्ट कर हाईजैक किया गया था, जिसमें बड़ी संख्या में पाकिस्तानी सैनिक फंसे थे। उस घटना ने पाकिस्तान की सुरक्षा व्यवस्था की पोल खोल दी थी।
हाल के दिनों में पाकिस्तानी सेना बलोचिस्तान में BLA के खिलाफ लगातार ऑपरेशन चला रही थी। माना जा रहा है कि यह हमला उसी कार्रवाई का बदला हो सकता है। घटना के बाद पूरे इलाके में हाई अलर्ट घोषित कर दिया गया है और रेलवे रूट पर सुरक्षा बढ़ा दी गई है।
