पुलिस के अनुसार 2 जुलाई को महागांवजदीद निवासी रमाबाई ने रेहटी थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि संदीप, विनीत और उनके दो साथियों ने उनके भाई सुनील यदुवंशी के साथ डंडों से बेरहमी से मारपीट की, जिससे उसकी मौत हो गई। शिकायत के आधार पर पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू की।
जांच के दौरान पुलिस ने मुख्य आरोपी संदीप यदुवंशी और विनीत यदुवंशी को हिरासत में लेकर पूछताछ की। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि उनका सुनील यदुवंशी से लंबे समय से विवाद और आपसी रंजिश चल रही थी।
आरोपियों के अनुसार 1 जुलाई की रात संदीप अपने चचेरे भाई विनीत यदुवंशी तथा दोस्तों मोहित धनवारे और प्रदीप यदुवंशी के साथ कार से महागांवजदीद जा रहा था। विनीत को उसके घर छोड़ने के दौरान संदीप के घर के सामने सड़क पर एक स्कूटी खड़ी थी। रास्ता साफ कराने के लिए विनीत ने कार का हॉर्न बजाया।
हॉर्न की आवाज सुनकर सुनील यदुवंशी घर से बाहर आया और दोनों पक्षों के बीच कहासुनी शुरू हो गई। विवाद बढ़ने पर संदीप, विनीत, मोहित धनवारे और प्रदीप कार से उतर गए और अपने पास मौजूद डंडों से सुनील पर हमला कर दिया। हमले में सुनील गंभीर रूप से घायल हो गया।
सुनील को बचाने के लिए उसकी बहन रमाबाई और जीजा सबर सिंह बीच-बचाव करने पहुंचे, लेकिन आरोपियों ने उन पर भी हमला कर दिया। आरोप है कि संदीप ने डंडे से सबर सिंह के सिर पर वार किया। गांव के पूनम यदुवंशी ने भी बीच-बचाव का प्रयास किया, लेकिन आरोपियों ने उसके साथ भी मारपीट कर उसे वहां से भगा दिया।
वारदात को अंजाम देने के बाद चारों आरोपी नीले रंग की कार से मौके से फरार हो गए। पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों और पूछताछ के आधार पर सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। मामले में आगे की जांच जारी है और पुलिस अन्य पहलुओं की भी पड़ताल कर रही है।
