नीलेश यादव जिला ब्यूरो
नर्मदापुरम 13,सितंबर,2026 (हिन्द संतरी ) नर्मदापुरम जिले में जिला सहकारी केंद्रीय बैंक से संबद्ध प्राथमिक कृषि साख सहकारी समितियों में कालातीत ऋणों की वसूली के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। मूंग खरीदी का कार्य समाप्त होने के पश्चात समितियों के सभी कर्मचारी ऋण वसूली कार्य में सक्रियता से जुट गए हैं। अभियान के अंतर्गत अगस्त माह में लगभग 10 प्रतिशत कालातीत ऋणों की वसूली बैंक प्रशासक कलेक्टर सोमेश मिश्रा के निर्देशानुसार की गई है।
जिला सहकारी बैंक से संबद्ध समितियों द्वारा कृषकों से संपर्क कर उन्हें समय पर ऋण चुकाने के लिए प्रेरित किया जा रहा है। समिति कर्मचारियों द्वारा कृषकों को समझाइश दी जा रही है कि निर्धारित तिथि तक ऋण की राशि जमा नहीं करने पर खाद के लिए लिया गया ऋण कालातीत हो जाता है। ऋण कालातीत होने की स्थिति में कृषकों की समितियों से खाद प्राप्त करने की पात्रता प्रभावित होती है, जिससे उन्हें खाद प्राप्त करने में कठिनाई का सामना करना पड़ सकता है।
समिति कर्मचारियों द्वारा कृषकों को शासन की खरीफ एवं रबी सीजन के लिए एक साथ ऋण उपलब्ध कराने की व्यवस्था की जानकारी भी दी जा रही है। साथ ही, वर्ष में लिए गए प्रथम ऋण की एक वर्ष बाद निर्धारित देय तिथि आने तथा देय तिथि से पूर्व ऋण चुकाने पर 4 प्रतिशत प्रोत्साहन राशि (इंसेंटिव) प्राप्त होने की जानकारी से भी कृषकों को अवगत कराया जा रहा है।
अभियान के दौरान बैंक की नर्मदापुरम, बनापुरा, शिवपुर, बनखेड़ी एवं पिपरिया शाखाओं से संबद्ध सहकारी समितियों द्वारा ऋण वसूली के कार्य में सराहनीय प्रयास किए गए हैं। कलेक्टर श्री सोमेश मिश्रा द्वारा कालातीत ऋणों की वसूली की प्रगति की समीक्षा के लिए 22 सितंबर को जिला सहकारी बैंक में बैठक आयोजित की गई है। बैठक में वसूली कार्य की प्रगति की समीक्षा कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए जाएंगे।
