हीरानगर थाना प्रभारी सुशील पटेल के अनुसार, दोनों के पोस्टमार्टम में हत्या और आत्महत्या की पुष्टि हुई है। रिपोर्ट में यह भी सामने आया है कि रोशनी के शरीर पर मारपीट के निशान भी पाए गए हैं, जिससे यह संकेत मिलता है कि घटना से पहले दोनों के बीच संघर्ष हुआ था। हालांकि, पुलिस अभी तक दोनों परिवारों के बयान दर्ज नहीं कर सकी है, जिन्हें जल्द ही रिकॉर्ड किया जाएगा ताकि पूरे घटनाक्रम की कड़ियां जोड़ी जा सकें।
घटना के बाद हल्केवीर के परिवार ने भी हैरानी जताई है और वे लगातार आसपास के लोगों और किरायेदारों से जानकारी जुटा रहे हैं। परिजन यह समझने की कोशिश कर रहे हैं कि आखिर किन परिस्थितियों में यह दर्दनाक घटना हुई।
इस पूरे मामले में एक और व्यक्ति सतीश सांवले का नाम भी सामने आया है, जिसने जांच को और पेचीदा बना दिया है। बताया जा रहा है कि सतीश को दंपती की मौत की जानकारी फोन पर मिली, जिसके बाद उसने अपने मोबाइल को बंद कर दिया। इसके बाद उसने नई सिम लेने की कोशिश की और दुकानदार से यह भी पूछा कि क्या नई सिम लेने पर लोकेशन ट्रेस की जा सकती है। दुकानदार द्वारा जवाब मिलने पर वह घबरा गया और उसने जहर खरीदकर खा लिया, जिससे उसकी मौत हो गई।
पुलिस के अनुसार सतीश पिछले करीब 15 वर्षों से पीथमपुर में काम कर रहा था और उसका परिवार भी वहीं रहता है। उसकी अचानक मौत ने जांच को और जटिल बना दिया है। पुलिस अब इस पूरे घटनाक्रम के हर एंगल की जांच कर रही है ताकि यह स्पष्ट हो सके कि इन मौतों के पीछे असल वजह क्या थी और क्या किसी तरह का मानसिक दबाव या विवाद इसके पीछे था।
इधर, पुलिस को एक सुसाइड नोट भी मिला है, जिसे हल्केवीर ने कथित तौर पर छोड़ा था। हालांकि, इसकी भी फोरेंसिक जांच की जा रही है। शुरुआती जांच में पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए आगे बढ़ रही है, जिसमें पारिवारिक विवाद, व्यक्तिगत संबंध और मानसिक तनाव जैसे बिंदु शामिल हैं।
फिलहाल पुलिस ने दोनों परिवारों के बयान दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। बयान और फोरेंसिक रिपोर्ट के बाद ही इस केस की पूरी सच्चाई सामने आने की उम्मीद है। इस दर्दनाक घटना ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी है और लोग अभी भी यह समझने की कोशिश कर रहे हैं कि आखिर एक साथ इतने दर्दनाक घटनाक्रम कैसे सामने आए।
