नर्मदापुरम 28,फरवरी,2026(hindsantri) ऊर्जा मंत्री श्री प्रद्युम्न सिंह तोमर ने कहा है कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी तथा मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की मंशानुरूप प्रदेश के किसानों की आय बढ़ाने के लिए राज्य शासन कृत संकल्पित है। कृषक कल्याण वर्ष 2026 में किये जा रहे प्रयासों में किसानों की खुशहाली तथा ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाया जा रहा है। किसानों को 10 घंटे कृषि कार्य के लिए विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करना तथा उनकी आय बढ़ाने के लिए संसाधन जुटाने हेतु राज्य सरकार द्वारा हर संभव प्रयास किये जा रहे हैं। ऊर्जा मंत्री श्री तोमर ने आगे कहा कि किसानों की बंजर तथा अनुपजाऊ भूमि अब आमदनी का जरिया बन गई है। योजना के बेहतर क्रियान्वयन और हितग्राहियों की सुविधा के लिए एमपी पॉवर मैनेजमेंट कंपनी में एक विशेष सेल का गठन कर ‘’प्रधानमंत्री किसान ऊर्जा सुरक्षा एवं उत्थान महाअभियान योजना (पीएम कुसुम घटक-ए)’’ के संबंध में हितग्राहियों को आवश्यक सहायता उपलब्ध कराई जाएगी। इस अवसर पर श्री तोमर ने योजना में अनुबंध निष्पादन के उपरांत सर्वप्रथम कार्य पूर्ण कर बिजली उत्पादन करने वाले हितग्राही को पुरस्कृत करने की घोषणा की। यह बात शुक्रवार को भोपाल स्थित एमपी पॉवर मैनेजमेंट कंपनी के क्षेत्रीय कार्यालय में आयोजित विद्युत क्रय अनुबंध पत्र वितरण कार्यक्रम में ऊर्जा मंत्री श्री तोमर ने कही।
इस अवसर पर नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा मंत्री श्री राकेश शुक्ला, अपर मुख्य सचिव श्री मनु श्रीवास्तव, सचिव ऊर्जा एवं एम.पी.पॉवर मैनेजमेंट कंपनी के प्रबंध संचालक श्री विशेष गढ़पाले तथा प्रबंध संचालक म.प्र. ऊर्जा विकास निगम श्री अमनवीर सिंह बैंस उपस्थित थे।
कार्यक्रम में उपस्थित नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा मंत्री श्री राकेश शुक्ला ने कहा कि सरकार किसानों को लगातार सुविधाएं उपलब्ध करा रही है। राज्य शासन ने कृषक कल्याण वर्ष के अंतर्गत 10500 करोड़ की योजनाओं की मंजूरी दी है। श्री शुक्ला ने कहा कि कृषक कल्याण वर्ष में हम किसानों को अन्नदाता के साथ साथ ‘’ऊर्जा दाता’’ और ‘’उद्यमी’’ भी बनाने की दिशा में बढ़ रहे हैं। श्री शुक्ला ने कहा कि किसान खुशहाल होंगे तभी समृद्ध मध्यप्रदेश का सपना साकार होगा। कार्यक्रम में नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा मंत्री ने कहा कि किसानों को लाभ देने के लिए ऊर्जा विभाग तथा नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा विभाग पूरी तरह से तत्पर है। उन्होंने कहा कि राज्य शासन के साथ ही हितग्राहियों को भी कुसुम ‘ए’ योजना के तहत विद्युत क्रय अनुबंध निष्पादन के बाद प्रोजेक्ट को मूर्त रूप देने के लिए गंभीरता से कार्य करना होगा।
