नीलेश यादव जिला ब्यूरो
नर्मदापुरम 01,अगस्त,2026 (हिन्द संतरी ) मां नर्मदा की पावन धारा, सतपुड़ा की हरित वादियां, प्राचीन पुरातात्विक धरोहरें, समृद्ध सांस्कृतिक विरासत और रोमांच से भरपूर प्राकृतिक पर्यटन स्थलों के कारण नर्मदापुरम आज मध्यप्रदेश के प्रमुख पर्यटन जिलों में अपनी सशक्त पहचान बना रहा है। मध्यप्रदेश पर्यटन बोर्ड एवं जिला प्रशासन के समन्वित प्रयासों से जिले में पर्यटन विकास को नई दिशा और गति मिली है। पर्यटन अवसंरचना के विकास, नए पर्यटन स्थलों की पहचान, साहसिक, ग्रामीण, धार्मिक एवं ईको-टूरिज्म को बढ़ावा देने के साथ-साथ जिले की सांस्कृतिक और ऐतिहासिक विरासत को राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर स्थापित करने के लिए निरंतर कार्य किए जा रहे हैं।

नर्मदापुरम की पहचान मां नर्मदा के पवित्र तट से जुड़ी हुई है। शहर का ऐतिहासिक सेठानी घाट देशभर के श्रद्धालुओं की आस्था का प्रमुख केंद्र है, जहां प्रतिदिन होने वाली भव्य मां नर्मदा आरती श्रद्धालुओं और पर्यटकों को आध्यात्मिक अनुभूति प्रदान करती है। वहीं बांद्राभान में नर्मदा और तवा नदियों का पावन संगम धार्मिक, सांस्कृतिक एवं प्राकृतिक पर्यटन का अनूठा संगम प्रस्तुत करता है।
जिले की सबसे बड़ी पहचान विश्व प्रसिद्ध पचमढ़ी है, जिसे “सतपुड़ा की रानी” के नाम से जाना जाता है। यहां के मनोरम झरने, प्राचीन गुफाएं, घने जंगल, घाटियां और प्राकृतिक सौंदर्य वर्षभर देश-विदेश से आने वाले पर्यटकों को आकर्षित करते हैं। वहीं मढ़ई स्थित सतपुड़ा टाइगर रिजर्व वन्यजीव प्रेमियों के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र है, जहां जंगल सफारी के दौरान बाघ, तेंदुआ, भालू, गौर, सांभर सहित अनेक वन्यजीव प्राकृतिक परिवेश में देखने को मिलते हैं।
तवा बांध एवं उसका विशाल जलाशय नौकायन, प्रकृति पर्यटन और पक्षी अवलोकन के लिए लोकप्रिय स्थल बन चुका है। जिले के अनेक जलप्रपात, वन क्षेत्र, ट्रैकिंग रूट और प्राकृतिक स्थल एडवेंचर पर्यटन की अपार संभावनाएं समेटे हुए हैं। जिला प्रशासन एवं मध्यप्रदेश पर्यटन बोर्ड द्वारा ऐसे नए पर्यटन स्थलों का विकास किया जा रहा है, जिससे स्थानीय युवाओं एवं ग्रामीणों को रोजगार और स्वरोजगार के नए अवसर भी प्राप्त हो रहे हैं।
एक जिला-एक उत्पाद (ODOP) योजना के अंतर्गत नर्मदापुरम जिले में पर्यटन को शामिल किया गया है। इसके माध्यम से पर्यटन को स्थानीय अर्थव्यवस्था, हस्तशिल्प, संस्कृति और रोजगार से जोड़ने की दिशा में प्रभावी पहल की जा रही है। होमस्टे, ग्रामीण पर्यटन, ईको-टूरिज्म, एडवेंचर पर्यटन, धार्मिक पर्यटन तथा स्थानीय उत्पादों और लोक संस्कृति को बढ़ावा देकर पर्यटकों को विविध अनुभव उपलब्ध कराए जा रहे हैं।
पिछले कुछ वर्षों में जिले में पचमढ़ी मानसून मैराथन, पर्यटन क्विज, ट्रेकिंग अभियान, महिला सुरक्षित पर्यटन कार्यक्रम, एस्ट्रो टूरिज्म, ग्रामीण पर्यटन, होमस्टे विकास, बांस शिल्प एवं स्थानीय हस्तशिल्प को बढ़ावा देने जैसी अनेक नवाचारपूर्ण पहलें की गई हैं। इन प्रयासों से नर्मदापुरम राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय पर्यटन मानचित्र पर तेजी से अपनी अलग पहचान स्थापित कर रहा है।
मध्यप्रदेश पर्यटन बोर्ड के प्रबंध संचालक श्री इलैया राजा टी. ने कहा कि “मध्यप्रदेश पर्यटन बोर्ड का उद्देश्य प्रदेश के प्रत्येक जिले की विशिष्ट प्राकृतिक, सांस्कृतिक और ऐतिहासिक धरोहर को पर्यटन के माध्यम से नई पहचान दिलाना है। नर्मदापुरम में प्रकृति, वन्यजीव, धार्मिक आस्था, साहसिक पर्यटन और ग्रामीण जीवन का अनूठा संगम है। पर्यटन के माध्यम से स्थानीय समुदायों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाना, रोजगार के अवसर बढ़ाना और सतत एवं जिम्मेदार पर्यटन को प्रोत्साहित करना हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है। नर्मदापुरम में चल रही विभिन्न पर्यटन परियोजनाएं भविष्य में इसे देश के प्रमुख पर्यटन गंतव्यों में स्थापित करेंगी।”
जिला पर्यटन प्रबंधक मनोज सिंह ठाकुर ने बताया कि “नर्मदापुरम प्राकृतिक, धार्मिक, सांस्कृतिक और पुरातात्विक पर्यटन का अद्भुत संगम है। मध्यप्रदेश पर्यटन बोर्ड एवं जिला प्रशासन के मार्गदर्शन में जिले में पर्यटन को स्थानीय अर्थव्यवस्था, रोजगार और जनसहभागिता से जोड़ने के लिए निरंतर कार्य किए जा रहे हैं। होमस्टे, ग्रामीण पर्यटन, एडवेंचर पर्यटन, एस्ट्रो टूरिज्म, पर्यटन क्विज, ट्रेकिंग एवं स्थानीय हस्तशिल्प को बढ़ावा देने जैसी पहलें जिले की नई पहचान बन रही हैं। हमारा प्रयास है कि नर्मदापुरम आने वाले वर्षों में देश के सर्वश्रेष्ठ पर्यटन गंतव्यों में अपनी मजबूत पहचान स्थापित करे।”
जिला प्रशासन एवं मध्यप्रदेश पर्यटन बोर्ड का उद्देश्य नर्मदापुरम को केवल एक पर्यटन स्थल के रूप में नहीं, बल्कि प्रकृति, संस्कृति, इतिहास, पुरातत्व और आध्यात्मिक अनुभवों से परिपूर्ण एक समग्र पर्यटन गंतव्य के रूप में विकसित करना है। निरंतर हो रहे विकास कार्यों, नई पर्यटन परियोजनाओं और स्थानीय जनसहभागिता के बल पर नर्मदापुरम मध्यप्रदेश ही नहीं, बल्कि देश के प्रमुख पर्यटन जिलों में अग्रणी स्थान प्राप्त करने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है।
