जानकारी के अनुसार दुर्घटना दोपहर करीब 11 बजे दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस-वे पर हुई। महाराष्ट्र के औरंगाबाद से दिल्ली जा रही कार तेज गति से आगे बढ़ रही थी। इसी दौरान तीतरोद गांव के समीप कार चालक वाहन पर नियंत्रण नहीं रख सका और कार सामने चल रहे ट्रक में पीछे से जा घुसी। टक्कर इतनी जोरदार थी कि कार के परखच्चे उड़ गए और उसमें सवार लोग बुरी तरह फंस गए। आसपास मौजूद लोगों ने तुरंत पुलिस और राहत दल को सूचना दी।
सूचना मिलते ही सीतामऊ थाना पुलिस और आपातकालीन सहायता दल मौके पर पहुंचे। काफी मशक्कत के बाद कार में फंसे लोगों को बाहर निकाला गया। घायलों को तत्काल सीतामऊ अस्पताल पहुंचाया गया जहां उनका उपचार शुरू किया गया। वहीं मृतकों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।
पुलिस ने हादसे में जान गंवाने वाले दो लोगों की पहचान रविन्द्र काले निवासी शास्त्री नगर जवाहर कॉलोनी औरंगाबाद तथा सचिन गंगाधर गजभारे निवासी नाहर क्लिनिक के सामने औरंगाबाद महाराष्ट्र के रूप में की है। अन्य दो मृतकों और दोनों घायलों की पहचान अभी नहीं हो सकी है। पुलिस उनकी पहचान करने और परिजनों को सूचना देने का प्रयास कर रही है।
प्रारंभिक जांच में तेज रफ्तार और वाहन से नियंत्रण खोना हादसे का प्रमुख कारण माना जा रहा है। हालांकि पुलिस सभी पहलुओं की जांच कर रही है ताकि दुर्घटना की वास्तविक वजह सामने आ सके। हादसे के बाद ट्रक चालक वाहन सहित मौके से फरार हो गया। पुलिस अब एक्सप्रेस-वे पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है और ट्रक की पहचान कर चालक तक पहुंचने का प्रयास कर रही है।
दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस-वे पर लगातार बढ़ते सड़क हादसे एक बार फिर चिंता का विषय बन गए हैं। तेज रफ्तार और लापरवाही के कारण होने वाली दुर्घटनाएं कई परिवारों की खुशियां छीन रही हैं। इस हादसे ने न केवल मृतकों के परिजनों को गहरा आघात पहुंचाया है बल्कि पूरे क्षेत्र में शोक का माहौल भी पैदा कर दिया है। पुलिस ने वाहन चालकों से अपील की है कि वे एक्सप्रेस-वे पर निर्धारित गति सीमा का पालन करें और लंबी दूरी की यात्रा के दौरान पूरी सतर्कता बरतें ताकि ऐसे दर्दनाक हादसों से बचा जा सके।
