सोमवार को Narendra Modi के साथ शिखर वार्ता
राष्ट्रपति ली सोमवार को भारत के प्रधानमंत्री Narendra Modi के साथ द्विपक्षीय शिखर वार्ता करेंगे। दोनों नेताओं के बीच यह हाल के वर्षों में तीसरी आमने-सामने की बैठक होगी, जो पहले G7 Summit और G20 Summit के दौरान हुई बातचीत के बाद हो रही है।
ऊर्जा सप्लाई और सप्लाई चेन पर रहेगा खास ध्यान
इस बैठक में मिडिल ईस्ट में जारी तनाव के चलते ग्लोबल एनर्जी मार्केट में आई अनिश्चितता प्रमुख मुद्दा रहेगा। दोनों देश ऊर्जा सप्लाई चेन को स्थिर करने और रणनीतिक सहयोग बढ़ाने पर चर्चा करेंगे। इसके साथ ही शिपबिल्डिंग, मैरीटाइम इंडस्ट्री, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और डिफेंस सेक्टर में साझेदारी बढ़ाने पर भी फोकस रहेगा।
भारत में कोरियाई कंपनियों को मिलेगा बढ़ावा
राष्ट्रपति ली भारत में कोरियाई कंपनियों के ऑपरेशन को मजबूत करने और नए निवेश के अवसर तलाशने के लिए एक बिजनेस फोरम में भी शामिल हो सकते हैं। भारत को दक्षिण कोरिया की इलेक्ट्रॉनिक्स और ऑटोमोबाइल कंपनियों के लिए एक महत्वपूर्ण प्रोडक्शन हब और बड़ा उपभोक्ता बाजार माना जाता है।
वियतनाम दौरे पर भी जाएंगे राष्ट्रपति ली
भारत दौरे के बाद Lee Jae-myung मंगलवार को Hanoi (वियतनाम) के लिए रवाना होंगे। वहां वह To Lam और प्रधानमंत्री Le Minh Hung सहित अन्य शीर्ष नेताओं से मुलाकात करेंगे। इस दौरान ऊर्जा सप्लाई चेन और जरूरी खनिजों पर सहयोग एजेंडे में शीर्ष पर रहेगा।
रणनीतिक साझेदारी को मिलेगा नया आयाम
यह दौरा दक्षिण कोरिया की कूटनीतिक पहुंच को मजबूत करने और तेजी से बढ़ती एशियाई अर्थव्यवस्थाओं के साथ संबंधों को गहरा करने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।
भारत और दक्षिण कोरिया के बीच यह शिखर वार्ता न सिर्फ द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करेगी, बल्कि वैश्विक स्तर पर ऊर्जा और सप्लाई चेन से जुड़ी चुनौतियों के समाधान की दिशा में भी महत्वपूर्ण साबित हो सकती है।
