सम्मेलन के दौरान समूह फोटो सत्र के लिए जब विभिन्न देशों के नेता एकत्र हुए, तब प्रधानमंत्री मोदी और जॉर्जिया मेलोनी ने एक-दूसरे का गर्मजोशी से अभिवादन किया। दोनों नेताओं के बीच बातचीत कुछ ही क्षणों की रही, लेकिन उसके बाद सामने आए वीडियो ने इंटरनेट पर नई चर्चा शुरू कर दी। मुलाकात के दौरान मेलोनी ने प्रधानमंत्री मोदी से कहा कि उनसे दोबारा मिलकर खुशी हुई। इसके बाद उन्होंने मुस्कुराते हुए कहा कि दोनों इंस्टाग्राम पर सबसे प्रसिद्ध ‘कपल’ हैं। इस टिप्पणी पर दोनों नेताओं के बीच हल्का-फुल्का संवाद देखने को मिला, जिसने उपस्थित लोगों का भी ध्यान खींचा।
पिछले कुछ वर्षों में प्रधानमंत्री मोदी और मेलोनी की सार्वजनिक मुलाकातों ने सोशल मीडिया पर विशेष लोकप्रियता हासिल की है। दोनों नेताओं के नामों को मिलाकर बनाया गया शब्द ‘मेलोडी’ इंटरनेट पर एक चर्चित ट्रेंड बन चुका है। यह शब्द राजनीतिक संवाद से आगे बढ़कर सोशल मीडिया संस्कृति का हिस्सा बन गया है और दुनियाभर के इंटरनेट उपयोगकर्ताओं के बीच व्यापक रूप से प्रयोग किया जाता है।
इस ट्रेंड की शुरुआत वर्ष 2023 में आयोजित एक अंतरराष्ट्रीय जलवायु सम्मेलन के दौरान हुई थी। उस समय जॉर्जिया मेलोनी ने प्रधानमंत्री मोदी के साथ एक तस्वीर साझा करते हुए एक विशेष हैशटैग का उपयोग किया था। देखते ही देखते यह पोस्ट लाखों लोगों तक पहुंची और सोशल मीडिया पर वायरल हो गई। इसके बाद ‘मेलोडी’ शब्द लगातार विभिन्न ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर चर्चा का विषय बना रहा।
दोनों नेताओं के बीच दिखाई देने वाली सहजता और मित्रवत व्यवहार को भारत और इटली के मजबूत द्विपक्षीय संबंधों के प्रतीक के रूप में भी देखा जाता है। हाल के वर्षों में दोनों देशों के बीच व्यापार, निवेश, रक्षा सहयोग, प्रौद्योगिकी, ऊर्जा और रणनीतिक साझेदारी के क्षेत्रों में लगातार प्रगति हुई है। ऐसे में दोनों नेताओं की व्यक्तिगत समझ और संवाद को भी इन संबंधों को मजबूती देने वाला तत्व माना जाता है।
‘मेलोडी’ की लोकप्रियता केवल सोशल मीडिया तक सीमित नहीं रही। रोम यात्रा के दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने मेलोनी को लोकप्रिय भारतीय टॉफी ‘मेलोडी’ उपहार स्वरूप भेंट की थी। इस अवसर का वीडियो भी इंटरनेट पर व्यापक रूप से साझा किया गया था। वीडियो में दोनों नेताओं के बीच हुई हल्की-फुल्की बातचीत और हंसी-मजाक को लोगों ने काफी पसंद किया था। यह वीडियो कुछ ही घंटों में करोड़ों दर्शकों तक पहुंच गया और लंबे समय तक ऑनलाइन ट्रेंड करता रहा।
विशेषज्ञों का मानना है कि आधुनिक कूटनीति में सार्वजनिक छवि और डिजिटल संवाद की भूमिका लगातार बढ़ रही है। ऐसे क्षण न केवल नेताओं को आम लोगों से जोड़ते हैं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय संबंधों को मानवीय और सहज रूप में प्रस्तुत करने का अवसर भी देते हैं। G7 सम्मेलन में सामने आया यह नया वीडियो इसी प्रवृत्ति का एक उदाहरण माना जा रहा है।
फिलहाल प्रधानमंत्री मोदी और जॉर्जिया मेलोनी की यह मुलाकात एक बार फिर सोशल मीडिया पर चर्चा का केंद्र बनी हुई है। कूटनीतिक कार्यक्रमों के बीच दोनों नेताओं की सहज बातचीत ने यह दिखाया कि वैश्विक राजनीति के मंच पर भी व्यक्तिगत संवाद और सौहार्दपूर्ण संबंध लोगों का ध्यान आकर्षित करने की क्षमता रखते हैं।
