नीलेश यादव जिला ब्यूरो
नर्मदापुरम 27 सितंबर 2026 (हिन्द संतरी ) संभाग के नर्मदापुरम , हरदा एवं बेतुल जिले के अनेक गांवों के सेकड़ों किसानों के समक्ष इस समय खरीफ सोयाबीन फसल पीला मोजक बीमारी के कारण बड़ी संख्या में खराब हो रही है, जिससे किसान निराश है तथा सोयाबीन फसल में इस बीमारी के कारण भारी नुकसान होने की संभावना है। जैसे-जैसे समय बीत रहा है यह बीमारी अनेक गांव के खेतों में सोयाबीन फसल को बर्बाद कर रही है,हरदा के किसाननेता एडवोकेट दिनेश यादव ने इस फसल को प्राकृतिक आपदा घोषित करने की मांग कलेक्टर से की है।
हरदा के एडवोकेट दिनेश यादव ने बताया कि प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना की गाईड लाईन के अनुसार यदि किसानों की फसल किसी गंभीर बीमारी सूखा, अतिवर्षा या अन्य कारण खराब होती है तो फसल बीमा योजना के अंतर्गत ऐसे किसानों को बीमा कंपनी द्वारा निर्धारित प्रक्रिया को पूर्ण कर बीमा राशि दी जाती है, मगर इसमें मुख्य शर्त यह है कि जिला कलेक्टर को पीला मोजक या ऐसी अन्य बीमारी को जिला स्तर पर प्राकृतिक आपदा घोषित करना चाहिए, तभी किसानों का क्लेम बनता है, अन्यथा इस कानूनी आधार पर बीमा कंपनियाँ किसानों को फसल बीमा क्लेम राशि देने से बच जाती है। जिला के कई किसान संगठन व जागरूक किसान पीला मोजक बीमारी के सर्वे की मांग कर रहे हैं, मगर ऐसी मांगकर्ताओं को पहले पीला मोजक बीमारी को प्राकृतिक आपदा घोषित करने की मांग करना चाहिए, इसके बाद सर्वे किया जाना चाहिए, ताकि फसल बीमा कंपनियाँ किसानों को बीमा क्लेम राशि देने के लिए मजबूर हो सके।
