नीलेश यादव जिला ब्यूरो
नर्मदापुरम 10,अगस्त,2026 (हिन्द संतरी ) नर्मदापुरम जिले के हिल स्टेशन पचमढ़ी में आयोजित नागद्वारी मेले में हनुमान गढ़ी के दुर्गम क्षेत्र में एक श्रद्धालु फिसलकर घायल हो गया। हादसे में उसके पैर में फ्रैक्चर हो गया। घटना की सूचना मिलते ही एसडीआरएफ एवं सिविल डिफेंस की रेस्क्यू टीम को तत्काल अलर्ट किया गया। टीम बिना समय गंवाए मौके पर पहुंची और घायल श्रद्धालु को सावधानीपूर्वक स्ट्रेचर पर लिया। कठिन एवं दुर्गम मार्ग से टीम ने उसे सुरक्षित नीचे उतारा और तत्काल अस्पताल पहुंचाया। समय पर रेस्क्यू किए जाने से घायल श्रद्धालु को शीघ्र चिकित्सा सुविधा उपलब्ध हो सकी। मौके पर मौजूद श्रद्धालुओं ने रेस्क्यू टीम की तत्परता एवं साहसिक कार्य की सराहना की।

प्लाटून कमांडर एवं आपदा प्रबंधन अधिकारी श्रीमती अमृता दीक्षित के मार्गदर्शन में नागद्वारी मेले में तैनात एसडीआरएफ एवं सिविल डिफेंस की टीमें लगातार अलर्ट मोड पर कार्य कर रही हैं। घटना की जानकारी मिलते ही उन्होंने रेस्क्यू टीम को तत्काल सक्रिय किया तथा घायल श्रद्धालु को सुरक्षित नीचे लाकर अस्पताल पहुंचाने के निर्देश दिए। श्रीमती दीक्षित ने बताया कि नागद्वारी मेले में किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए एसडीआरएफ एवं सिविल डिफेंस के दल पूरी तरह मुस्तैद हैं। संवेदनशील एवं दुर्गम क्षेत्रों में लगातार निगरानी रखी जा रही है। आवश्यकता पड़ने पर श्रद्धालुओं को तत्काल राहत एवं बचाव सहायता उपलब्ध कराई जा रही है।
सुरक्षा और सुविधा प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता : कलेक्टर सोमेश मिश्रा

कलेक्टर श्री सोमेश मिश्रा ने कहा कि नागद्वारी मेले में बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंच रहे हैं। उनकी सुरक्षा एवं सुविधा जिला प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। मेले में सुरक्षा, स्वास्थ्य, स्वच्छता, पेयजल एवं यातायात सहित सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की गई हैं। उन्होंने श्रद्धालुओं से अपील की कि वे निर्धारित मार्गों का ही उपयोग करें, दुर्गम एवं संवेदनशील क्षेत्रों में विशेष सावधानी बरतें तथा प्रशासन, पुलिस एवं रेस्क्यू दलों द्वारा दिए जा रहे दिशा-निर्देशों का पालन करें। जिला प्रशासन द्वारा श्रद्धालुओं को हर कदम पर सहायता उपलब्ध कराई जा रही है। मार्ग में घायल श्रद्धालु को तत्काल सुरक्षित बाहर निकालकर अस्पताल पहुंचाने की कार्रवाई ने जिला प्रशासन द्वारा नागद्वारी मेले में प्रशासन की तत्परता एवं प्रभावी आपदा प्रबंधन व्यवस्था का उदाहरण प्रस्तुत किया है।
