धनराज यादव नगर प्रतिनिधि
नर्मदापुरम 02,नवंबर,2026(हिन्द संतरी ) समय-सीमा की बैठक के दौरान कलेक्टर आशीष वशिष्ठ ने विभिन्न विभागीय योजनाओं एवं प्रशासनिक कार्यों की समीक्षा की। उन्होंने सार्थक एप, परख एप, सीएम हेल्पलाइन, अनुकंपा नियुक्ति, लोक सेवा गारंटी अधिनियम, स्कूली बच्चों के आधार बायोमेट्रिक अपडेट सहित अन्य महत्वपूर्ण विषयों पर अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
कलेक्टर श्री वशिष्ठ ने सभी विभागीय जिला अधिकारियों को निर्देशित किया कि अपने-अपने विभागों के अधिकारियों एवं कर्मचारियों की उपस्थिति सार्थक एप के माध्यम से दर्ज कराना सुनिश्चित करें। अधिकारी एवं कर्मचारी अपने फील्ड तथा कार्यालयीन कार्यों के अनुरूप उपस्थिति दर्ज करें। जिन विभागों में स्वयं के विभागीय एप्लीकेशन के माध्यम से उपस्थिति दर्ज करने की व्यवस्था है, वे उसी व्यवस्था का पालन करें।
कलेक्टर ने निर्देश दिए कि मुख्यमंत्री जनविश्वास अभियान सहित जिले में अधिकारियों द्वारा किए जा रहे विभिन्न निरीक्षणों की संपूर्ण जानकारी शासन द्वारा निर्धारित परख एप पर अनिवार्य रूप से अपडेट की जाए। जिन अधिकारियों द्वारा अब तक इस एप्लीकेशन का उपयोग प्रारंभ नहीं किया गया है, वे प्रशिक्षण प्राप्त कर इसका उपयोग सुनिश्चित करें। उन्होंने स्पष्ट किया कि निरीक्षण संबंधी कागजी जानकारी स्वीकार नहीं की जाएगी। अधिकारियों के भ्रमण एवं निरीक्षण कार्यों की समीक्षा केवल परख एप पर दर्ज जानकारी के आधार पर ही की जाएगी।
बैठक में कलेक्टर ने आयोग एवं न्यायालयों में लंबित प्रकरणों की समीक्षा करते हुए सभी विभागों को केस मैनेजमेंट ट्रैकिंग सिस्टम का अनिवार्य रूप से उपयोग करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इस व्यवस्था के माध्यम से अधिकारी अपने विभाग से संबंधित न्यायालयीन प्रकरणों की जानकारी ऑनलाइन प्राप्त कर सकेंगे तथा निर्धारित समय-सीमा में जवाब प्रस्तुत कर सकेंगे। कलेक्टर ने जिला प्रबंधक ई-गवर्नेंस को निर्देशित किया कि सभी विभागों को पोर्टल के उपयोग संबंधी आवश्यक प्रशिक्षण उपलब्ध कराया जाए। इसी प्रकार शासकीय भवनों एवं अन्य संरचनाओं का निर्माण कराने वाले सभी विभागों को पीएम गति शक्ति पोर्टल का शत-प्रतिशत उपयोग सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इससे परियोजनाओं की बेहतर योजना बनाने और उनके प्रभावी क्रियान्वयन में सहायता मिलेगी।
कलेक्टर ने सीएम हेल्पलाइन की समीक्षा करते हुए निर्देश दिए कि 1000 दिवस से अधिक समय से लंबित शिकायतों का निराकरण प्राथमिकता से किया जाए। वहीं 500 दिवस से अधिक समय से लंबित शिकायतों का निराकरण एक सप्ताह के भीतर सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि कोई भी विभाग सी एवं डी श्रेणी में नहीं रहना चाहिए। सभी विभाग बेहतर प्रदर्शन करते हुए ए श्रेणी में स्थान प्राप्त करने का प्रयास करें। लोक सेवा गारंटी अधिनियम के अंतर्गत प्राप्त आवेदनों का भी निर्धारित समय-सीमा में निराकरण किया जाए। किसी भी प्रकरण में समय-सीमा समाप्त होने के अंतिम दिन तक प्रतीक्षा न करें तथा समय रहते निराकरण सुनिश्चित करें।
कलेक्टर ने जिले के सभी विधानसभा क्षेत्रों में चयनित वृंदावन ग्रामों में गौशालाओं के लिए भूमि चिन्हांकन की कार्रवाई शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने सभी एसडीएम को इस कार्य की विशेष रूप से निगरानी करने के लिए कहा।
कलेक्टर ने स्कूली बच्चों के आधार अनिवार्य बायोमेट्रिक अपडेट की समीक्षा करते हुए निर्देश दिए कि जिन बच्चों का बायोमेट्रिक अपडेट अब तक नहीं हुआ है, उनका कार्य अभियान चलाकर शीघ्र पूर्ण कराया जाए। इसके लिए सभी विकासखंडों में स्कूलों से समन्वय स्थापित करने हेतु नोडल अधिकारी नियुक्त किए जाएं तथा अधिक से अधिक बच्चों का बायोमेट्रिक अपडेट सुनिश्चित किया जाए।
कलेक्टर श्री वशिष्ठ ने सभी विभागों में अनुकंपा नियुक्ति के लंबित प्रकरणों को सूचीबद्ध कर जानकारी संकलित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि विभागीय परामर्शदात्री बैठकों के माध्यम से इन प्रकरणों की समीक्षा कर अद्यतन जानकारी तैयार की जाए। अनुकंपा नियुक्ति संवेदनशील विषय है, इसलिए सभी अधिकारी इन मामलों को गंभीरता से लेते हुए आवश्यक कार्रवाई करें। उन्होंने सभी एसडीएम को भी अनुविभागीय स्तर पर लंबित अनुकंपा नियुक्ति के प्रकरणों की समीक्षा करने के निर्देश दिए। बैठक में जिला पंचायत सीईओ हिमांशु जैन, अपर कलेक्टर राजेश शुक्ला सहित विभिन्न विभागों के जिला अधिकारी उपस्थित रहे।
